रायपुर/रायगढ़। छत्तीसगढ़ में इन दिनों मौसम लगातार करवट बदल रहा है। एक ओर सूरज की तपिश लोगों को बेहाल कर रही है, वहीं दूसरी ओर बंगाल की खाड़ी से आ रही, नमी भरी हवाओं ने प्रदेश के मौसम में अचानक बदलाव ला दिया है,कहीं बादलों की आवाजाही है, तो कहीं तेज हवाओं और हल्की बारिश ने गर्मी से राहत के संकेत दिए हैं, हालांकि मौसम विभाग ने साफ कर दिया है कि यह राहत ज्यादा दिनों की नहीं रहने वाली।
रायगढ़ में गर्मी बरकरार, शाम को बढ़ रही उमस
रायगढ़ जिले में दिन के समय तेज धूप और गर्म हवाओं का असर बना हुआ है, तापमान 41 से 43 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया जा रहा है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी का सामना करना पड़ रहा है, वहीं शाम ढलते ही आसमान में बादलों की हलचल बढ़ रही है, और वातावरण में उमस महसूस की जा रही है,मौसम विशेषज्ञों के अनुसार बंगाल की खाड़ी से पहुंच रही, नमी के कारण जिले के ग्रामीण और वनांचल क्षेत्रों में तेज हवाओं के साथ हल्की बूंदाबांदी की संभावना बनी हुई है, हालांकि शहरी इलाकों में फिलहाल जोरदार बारिश के आसार कम बताए जा रहे हैं।
बस्तर और सरगुजा में बारिश के मजबूत संकेत
मौसम विभाग के मुताबिक प्रदेश के बस्तर और सरगुजा संभाग में मौसम का सबसे ज्यादा असर देखने को मिल सकता है,इन क्षेत्रों में कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ अच्छी बारिश होने की संभावना जताई गई है,राजधानी रायपुर में भी दिनभर बादलों का डेरा बना रह सकता है, शाम के समय तेज हवाएं चलने और हल्की से मध्यम बारिश होने के आसार हैं,इससे लोगों को गर्मी से अस्थायी राहत मिलने की उम्मीद है।

राहत थोड़े दिनों की, फिर बढ़ेगा तापमान
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि बारिश और बादलों का यह दौर ज्यादा लंबा नहीं चलेगा,आने वाले दिनों में एक बार फिर तापमान तेजी से बढ़ सकता है,प्रदेश के कई इलाकों में पारा 4 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ने की संभावना जताई गई है,अधिकारियों के अनुसार आगामी दिनों में अधिकतम तापमान 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है,ऐसे में लोगों को लू और भीषण गर्मी से बचाव के लिए सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
लोगों को सतर्क रहने की सलाह
विशेषज्ञों ने दोपहर के समय अनावश्यक बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और गर्म हवाओं से सावधानी बरतने की अपील की है,फिलहाल मौसम की यह आंख-मिचौली लोगों को गर्मी से थोड़ी राहत जरूर दे रही है, लेकिन आने वाले दिनों में फिर से प्रचंड गर्मी का सामना करना पड़ सकता है।




