नई दिल्ली ।केंद्रिय बजट इस महीने 23 जुलाई को केंद्र सरकार की तरफ से पेश किया जाएगा, ऐसे में बजट से पहले हलवा सेरेमनी का आयोजन किया गया,इसमे सीनियर सिटीजन और पेंशनभोगियों के मुद्दे को लेकर चर्चा की गई और इन 5 मुद्दे के ऊपर सहमति बनी, ऐसे मे पीएम मोदी के तीसरे कार्यकाल मे बजट के दौरान पेंशनभोगियों की 5 बड़ी मांगे पुरी होनेवाली है, तो चलिए जान लेते है, किन मांगो के उपर सहमति बनी।
आपको बता दूं कि भाजपा ने लोकसभा चुनाव में जाने से पहले अपने घोषणा पत्र में आयुष्मान भारत हेल्थ स्कीम का दायरा बढ़ाने का वादा किया था, अब इस योजना में 70 साल और उससे ज्यादा उम्र के सीनियर सिटीजन, पेंशनभोगियों को शामिल किया जाएगा, इनको 5 लाख रुपये राशि तक का बीमा कवर दिया जाएगा, जो भविष्य में बढ़कर 10 लाख रुपये होनेवाला है, 70 साल या उससे ज्यादा उम्र के लोगों को इसमे शामिल होने के लिए कोई भी बाध्यता नहीं होगी, उनकी आय भी नहीं देखी जाएगी,23 जुलाई को बजट पेश होनेवाला है, और इसमें इसका ऐलान होने वाला है।
10 लाख रुपये आय तक नही देना होगा टैक्स
इस बजट में पेंशनधारकों और सीनियर सिटीजन को दूसरी बड़ी खुशखबरी या यूं कहें तो राहत मिलने वाली है, टैक्स को लेकर आपकी जानकारी के लिए बता दूं कि अभी सीनियर सिटीजन और पेंशनभोगियों के लिए इनकम टैक्स की पुरानी और नई रिजीम में छूट की लिमिट 3 लाख रुपये है, वहीं पर सुपर सीनियर सिटीजन के लिए छूट की लिमिट 5 लाख है, अगर आपकी वार्षिक आय इससे ज्यादा है तो आपकी पेंशन से टैक्स वसूला जाता है और ITR फाइल करना भी जरूरी होता है, लेकिन अब सरकार इस लिमिट को बढ़ाने जा रही है और 10 लाख रुपए करने जा रही है।
एक जानकार ने बताया है कि अगर सरकार सीनियर सिटीजन और पेंशनभोगियों के लिए लिमिट बढ़ाकर 10 लाख रुपए कर देती है तो उन्हें काफी राहत मिलेगी, उन्हें 10 लाख रुपए वार्षिक आय तक कोई भी टैक्स नहीं देना पड़ेगा।

हेल्थ पॉलिसी पर 1 लाख का फायदा
वहीं पर तीसरी खुशखबरी मिलने वाली है हेल्थ पॉलिसी प्रीमियम पर डिडक्शन बढ़ाया जाएगा, आपकी जानकारी के लिए बता दूं कि कोविड महामारी के बाद हेल्थ पॉलिसी की मांग काफी बढ़ गई थी, ऐसे में बीमा कंपनियों ने इसके प्रीमियम में बढ़ोतरी कर दी थी, इसका सबसे ज्यादा असर सीनियर सिटीजन और पेंशनभोगियों को हुआ, ऐसे में सरकार इनको राहत देते हुए, इस बजट में हेल्थ पॉलिसी पर डिडक्शन बढ़ा सकती है।
आमजनों के लिए 25 हजार रुपए तक हेल्थ पॉलिसी के ऊपर इनकम टैक्स में छूट दी जाती है, लेकिन सीनियर सिटीजन और पेंशनधारकों के लिए 50 हजार रुपये तक की छूट मिलती है,अब जो बढ़कर एक लाख रुपये होने वाली है।
रेलवे किराये में छूट लागू
सीनियर सिटीजन और पेंशनधारकों को चौथी बड़ी राहत मिलने वाली है रेलवे किराए में छूट को लेकर। आपकी जानकारी के लिए बता दूं कि कोरोना के पहले सीनियर सिटीजन और पेंशनधारकों को रेलवे किराए में 50% की छूट दी जाती थी,जिसको बंद कर दिया गया था, लेकिन अब सरकार पेंशनधारकों और सीनियर सिटीजन को राहत देते हुए, इस सिस्टम को फिर से बहाल कर सकती है और बजट में इसका ऐलान कर सकती है।
सीनियर सिटीजन सेविंग स्कीम को बनाया जाएगा आकर्षक
सीनियर सिटीजन और पेंशनधारकों को पांचवी बड़ी राहत मिलने वाली है ब्याज को लेकर। आपकी जानकारी के लिए बता दूँ कि सीनियर सिटीजन सेविंग स्कीम में ब्याज की दर 8.2% है। अगर आपने इसमें अपना खाता खुलवाया है,तो आपको 8.2% के हिसाब से ब्याज मिलता है, लेकिन सरकार इसको और आकर्षक बनाने जा रही है ताकि पेंशनभोगी व सीनियर सिटीजन इसमें ज्यादा से ज्यादा निवेश कर सके, इसलिए अब इस स्कीम में ब्याज बढ़कर मिलनेवाली है, जिससे अब सीनियर सिटीजन और पेंशनधारकों को ज्यादा पैसा मिलेगा।
FMA और 18 महीने के एरियर पर होगा ऐलान
पेन्शनभोगिेयो को ना तो इंक्रीमेंट मिलता है ना हीं बोनस का फायदा मिलता है, ऐसे मे अब उनको 18 महीने का एरियर का फायदा दिया जाएगा, इसकी मांग बहुत लंबे समय से की जा रही थी,कि जिस प्रकार से केंद्रीय कर्मचारियों को बोनस और साल में एक बार इंक्रीमेंट का फायदा मिलता है, तो उस प्रकार की व्यवस्था पेंशनभोगीयो के लिए किया जाए लेकिन वर्तमान मे यह लागू नहीं हो पाई ऐसे में पेन्शनभोगीयो को 18 महीने का एरियर का पैसा मिलेगा, इसके साथ ही फिक्स मेडिकल अलाउंस ₹1000 से बढ़कर ₹3000 की घोषणा केंद्र सरकार बजट में कर सकती है।










