छत्तीसगढ़ सहित 21 राज्यों में दिखेगा तूफान मोका का असर

कोलकाता । बंगाल की खाड़ी में चक्रवाती तूफान ‘मोका’ बन रहा है। चक्रवाती तूफान यास के बाद अब मोका को लेकर बंगाल में अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग चक्रवात की दिशा और इसके लैंडफॉल पर नजर रखे हुए। चक्रवात की आशंका के बीच कोलकाता में कंट्रोल रूम खोले गये हैं और चक्रवाती तूफान से जुड़े पहलुओं पर गहरी नजर रखी जा रही है।

यदि बंगाल में चक्रवाती तूफान का लैंडफॉल होता है, तो इससे पड़ने वाले प्रभाव को लेकर सतर्कता बरती जा रही है। इस चक्रवात की आशंका के बीच अलीपुर मौसम विभाग ने अहम जानकारी दी है। मौसम कार्यालय के अनुसार सोमवार और मंगलवार को मौसम विभाग ने बारिश की संभावना जताई है।

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार शनिवार (6 मई) को बंगाल की खाड़ी के दक्षिण-पूर्व में एक चक्रवात बना. इसके प्रभाव में 8 मई (सोमवार) की सुबह तक उस हिस्से में एक कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है. यह कम दबाव का क्षेत्र धीरे-धीरे एक गहरे दबाव के रूप में विकसित होगा और उत्तर की ओर बढ़ेगा.

80 किमी प्रति घंटे तक जा सकती है हवा की रफ्तार
इस साइक्लोन के कारण 7 मई से बंगाल की खाड़ी और उसके आस-पास के इलाकों में हवा की गति 40-50 किमी प्रति घंटे से लेकर 60 किमी प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है। हवा की रफ्तार धीरे-धीरे बढ़कर 9 मई को 70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार तक पहुंच जाएगी। फिर 10 मई को कुछ जगहों पर 80 किलोमीटर की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। साइक्लोन को देखते हुए मछुआरों, छोटे जहाजों, नाविकों और ट्रॉलरों को सलाह दी गई है कि वे 7 मई के बाद दक्षिण-पूर्वी बंगाल की खाड़ी से सटे इलाकों में न जाएं। जो लोग दक्षिण पूर्व बंगाल की खाड़ी में हैं उन्हें 7 मई से पहले सुरक्षित स्थानों पर लौटने की सलाह दी गई है।

हल्की से तेज बारिश की संभावना
इसको देखते हुए मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है। आईएमडी के मुताबिक, बंगाल की खाड़ी के आस-पास के इलाकों में 8 मई से 12 मई के दौरान अधिकांश स्थानों पर मध्यम वर्षा देखने को मिलेगी। वहीं, तटीय और सीमावर्ती इलाकों में 8 से 11 मई के दौरान भारी से बहुत भारी वर्षा हो सकती है। इसके अलावा 10 मई को अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में छिटपुट भारी से बहुत भारी वर्षा होने की संभावना है।